Friday, 9 September 2016

सकारात्मक सोच का साथ

             मसला महज़ यह है, सकारात्मक अभिवृत्ति वाले लोग हमारे हितकर हैं या नकारात्मक अभिवृत्ति के लोग।
जवाब सहज है, नकारात्मक सोच के व्यक्तियों को बिना हारे ही मैदान छोड़ कर भागते हुए देखा गया है। अतः ये हमारे हितकर नहीं हो सकते हैं। इस प्रकार सकारात्मक सोच वाले व्यक्ति का साथ होने पर , हमारे द्वारा खुली आँखों से देखे गए सपनों को हकीकत में परिलक्षित करने की दृढ़ इच्छा शक्ति हम में और भी ज्यादा प्रबल होती जाती है।